Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
40 की उमà¥à¤° के बाद डाइट में जरूर शामिल कर लें ये 5 फूडà¥à¤¸, कई बीमारियों से होगा बचाव
जैसे-जैसे हमारी उमà¥à¤° हो रही होती है, हमारे शरीर की सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ बढ़ती जाती है। पà¥à¤°à¤¾à¤¨à¥€ बीमारियों से लड़ने, आपके पाचन तंतà¥à¤° सही रखना और पेट की चरà¥à¤¬à¥€ को कम करना मà¥à¤¶à¥à¤•िल हो जाता है लेकिन à¤à¤¸à¤¾ नहीं है कि इन परेशानियों से पार पाना बहà¥à¤¤ मà¥à¤¶à¥à¤•िल होता है बलà¥à¤•ि सेहत से à¤à¤°à¤ªà¥‚र à¤à¥‹à¤œà¤¨, पानी और थोड़ी à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ की मदद से आप बिलà¥à¤•à¥à¤² सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रह सकते हैं। दरअसल आपके संपूरà¥à¤£ शरीर को सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ और यहां तक की बीमारियों को दूर रखने के लिठआप अपनी डाइट में पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, पौटैशियम, à¤à¤‚टीऑकà¥à¤¸à¥€à¤¡à¥‡à¤‚ट, विटामिन और खनिज को à¤à¤°à¤ªà¥‚र मातà¥à¤°à¤¾ में शामिल कर सकते हैं। इन पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की मदद से, जो बीमारियों आपको पहले से है, उनके लकà¥à¤·à¤£ à¤à¥€ कम हो सकते हैं। आइठकà¥à¤› à¤à¤¸à¥‡ ही फूडà¥à¤¸ और कैसे ये आपको गंà¤à¥€à¤° बीमारियों से बचा, इनके बारे में विसà¥à¤¤à¤¾à¤° से जानते हैं।
40 से अधिक उमà¥à¤° के लोग इन फूडà¥à¤¸ का करें सेवन
1. दाल और नटà¥à¤¸
कई बार हम डà¥à¤°à¤¾à¤ˆ फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ और नटà¥à¤¸ में अंतर करने में मात खा जाते हैं। दरअसल नटà¥à¤¸ में बादाम, पिसà¥à¤¤à¤¾ और अखरोट आदि को शामिल किया जाता है जबिक डà¥à¤°à¤¾à¤ˆ फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ में सà¥à¤–े अंजीर, खà¥à¤¬à¤¾à¤¨à¥€ और खजूर आदि को शामिल किया जाता है। डà¥à¤°à¤¾à¤ˆ फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ का गà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤¸à¥‡à¤®à¤¿à¤• इंडेकà¥à¤¸ अधिक होता है इसलिठअगर आपको डायबिटीज या à¤à¤¸à¥€ कोई समसà¥à¤¯à¤¾ है, तो आपको डà¥à¤°à¤¾à¤ˆ फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ का सेवन बिना डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह के नहीं करना चाहिà¤à¥¤ दाल और नटà¥à¤¸ में पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, कारà¥à¤¬à¥à¤¸, फैट, ओमेगा-3 फैटी à¤à¤¸à¤¿à¤¡, विटामिनà¥à¤¸ और मिनरलà¥à¤¸ पाठजाते हैं, जो हृदय संबंधी समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं और कोलेसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤² के सà¥à¤¤à¤° को कम करने में मदद कर सकता है। दाल का सेवन आप दिन में दो बार जरूर करें।
2. हरी साग-सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚
पतà¥à¤¤à¥‡à¤¦à¤¾à¤° साग-सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ या हरी सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ सेहत के लिठबहà¥à¤¤ फायदेमंद होती है। आपने अपने घर के बà¥à¤œà¥à¤°à¥à¤—ों को à¤à¥€ ये कहते हà¥à¤ सà¥à¤¨à¤¾ होगा कि हरी साग-सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ खाने से सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ अचà¥à¤›à¤¾ रहता है। à¤à¤¸à¥‡ में जब आप खà¥à¤¦ 40 की उमà¥à¤° में हो, तो अपनी डाइट में पालक, बà¥à¤°à¥‹à¤•ली, गोà¤à¥€, कदà¥à¤¦à¥‚ और बैंगन आदि को अपनी डाइट में जरूर शामिल करें। हरी सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में आयरन, कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤®, विटामिन à¤(कैरोटिन), विटामिन सी और बी पाठजाते हैं, जिससे आपकी हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ मजबूत रहती है। साथ ही मोटापाकम करने, à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ और कई रोगों से बचाव कर सकता है। इससे आपका इमà¥à¤¯à¥‚न सिसà¥à¤Ÿà¤® à¤à¥€ मजबूत रहता है। हरी पतà¥à¤¤à¥‡à¤¦à¤¾à¤° सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को आप सलाद या पकाकर à¤à¥€ खा सकते हैं।
3. बीज
अधिक उमà¥à¤° होने पर आप कई तरह के बीजों को à¤à¥€ आप अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं। इससे शरीर को सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ और रोगों से मà¥à¤•à¥à¤¤ बनाने में मदद मिलती है। इसके लिठआप अलसी, सूरà¥à¤¯à¤®à¥à¤–ी, कदà¥à¤¦à¥‚ और चिया सीडà¥à¤¸ को अपने आहार में शामिल कर सकते हैं। इनमें फैटी à¤à¤¸à¤¿à¤¡ अलà¥à¤«à¤¾-लिनोलेनिक, लिनोलेइक à¤à¤¸à¤¿à¤¡, आयरन, विटामिनà¥à¤¸, नियासिन और थियामिन जैसे पोषक ततà¥à¤µ पाठजाते हैं। इससे पेट की समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं, ऑसà¥à¤Ÿà¤¿à¤¯à¥‹à¤ªà¥‹à¤°à¥‹à¤¸à¤¿à¤¸, उचà¥à¤š कोलेसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‰à¤² और मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• संबंधी समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं को दूर करने में मदद मिलती है।
4. मसाले
à¤à¤¾à¤°à¤¤ को मसालों का राजा कहा जाता है। यहां कई तरह के मसाले पाठजाते हैं, जिनमें औषधियां गà¥à¤£ होते हैं। इन मसालों के सेवन से आपको शारीरिक और मानिसक परेशानियों से लड़ने में मदद मिलती है। तà¥à¤²à¤¸à¥€, जीरा, अजवाइन, मेथी और लहसà¥à¤¨ के इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² से मामूली बà¥à¤–ार, सरà¥à¤¦à¥€-जà¥à¤•ाम और गले के दरà¥à¤¦ में आराम मिलता है। इसके à¤à¤‚टी इंफà¥à¤²à¥‡à¤®à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ और à¤à¤‚टीबैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤² गà¥à¤£ संकà¥à¤°à¤®à¤£ को दूर रखने में मदद मिलती है।
5. पानी
कई बार हम खानपान तो धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ देते हैं लेकिन शरीर में मौजूद फà¥à¤²à¥‚इड के सà¥à¤¤à¤° को बनाठरखने में मदद मिलती है। पानी à¤à¤°à¤ªà¥‚र मातà¥à¤°à¤¾ में पीने से डिहाइडà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¨ की समसà¥à¤¯à¤¾ नहीं होती है और शरीर की कोशिकाओं को अचà¥à¤›à¥‡ से विकास होता है। इससे शरीर को डिटॉकà¥à¤¸ करने और पाचन तंतà¥à¤° को ठीक करने में मदद मिलती है। आप सà¥à¤¬à¤¹ उठकर खाली पेट जरूर पानी पिà¤à¤‚।
| --------------------------- | --------------------------- |